एमपी में नीट-यूजी की सुरक्षा चाक-चौबंद, पेपर लीक पर नजर रखेंगे साइबर कमांडो
भोपाल। मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट यूजी (NEET-UG) का आगामी 21 जून को पुनः आयोजन होने जा रहा है, जिसे लेकर शासन और पुलिस प्रशासन ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। इस बार परीक्षा की शुचिता बनाए रखने और पेपर लीक जैसी गंभीर गड़बड़ियों को रोकने के लिए 'जीरो टॉलरेंस' यानी शून्य सहनशीलता की सख्त नीति लागू की गई है। परीक्षा केंद्रों के आसपास और इंटरनेट मीडिया पर किसी भी प्रकार की संदिग्ध या अनैतिक गतिविधियों को नाकाम करने के लिए इस बार विशेष रूप से साइबर एक्सपर्ट्स की तैनाती की जा रही है, जो पल-पल की गतिविधियों पर पैनी नजर रखेंगे।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और साइबर कमांडो की मुस्तैदी
इस देशव्यापी परीक्षा को निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ने राज्य के सभी जिला कप्तानों को प्रश्न पत्रों की सुरक्षा से लेकर परीक्षा समाप्ति तक हर एक चरण की कड़ाई से निगरानी करने के आदेश दिए हैं। इस वर्ष प्रदेश भर में बनाए गए 283 परीक्षा केंद्रों पर लगभग 1.18 लाख अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल होंगे। डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर परीक्षा से जुड़ी किसी भी प्रकार की भ्रामक खबरों या अफवाहों को फैलने से रोकने के लिए 38 विशेष साइबर कमांडो को मोर्चे पर लगाया गया है। इसके साथ ही सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देशित किया गया है कि वे 20 जून तक अनिवार्य रूप से परीक्षा केंद्रों, प्रश्न पत्र रखने के स्ट्रॉन्ग रूम और संबंधित बैंकों का भौतिक निरीक्षण करें तथा वहां सीसीटीवी कैमरों, मेटल डिटेक्टरों और सुरक्षा घेरे की बारीकी से जांच करें।
आखिरी 72 घंटों में सघन चेकिंग अभियान
परीक्षा के आयोजन से ठीक पहले के 72 घंटे बेहद संवेदनशील माने जा रहे हैं, जिसके लिए पुलिस प्रशासन ने एक विशेष निगरानी योजना तैयार की है। इसके तहत परीक्षा वाले शहरों के सभी प्रमुख होटलों, लॉज, गेस्ट हाउस और निजी कोचिंग संस्थानों की सघन चेकिंग की जाएगी ताकि किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके। विशेष रूप से राज्य के बड़े परीक्षा केंद्रों वाले शहरों जैसे इंदौर, भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर में सुरक्षा के अतिरिक्त इंतजाम सुनिश्चित किए गए हैं, जहां पुलिस बल की तैनाती आम दिनों से ज्यादा रहेगी।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टेलीग्राम पर लगाम
परीक्षा के दौरान डिजिटल माध्यमों से होने वाली गड़बड़ियों और पेपर लीक के खतरों को पूरी तरह समाप्त करने के लिए एक बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया गया है। इसके तहत लोकप्रिय सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'टेलीग्राम' की सेवाओं पर 22 जून तक के लिए अस्थाई रूप से पाबंदी लगा दी गई है। यह कड़ा फैसला नीट यूजी परीक्षा आयोजित करने वाली संस्था नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की विशेष अनुशंसा पर केंद्र सरकार द्वारा लिया गया है। इस प्रतिबंध को लेकर सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act), 2000 की धारा 69A के तहत आधिकारिक आदेश जारी कर दिए गए हैं, ताकि परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह सुरक्षित और पारदर्शी बनी रहे।
वृद्धावस्था पेंशन मिलने से खत्म नहीं होगी मां की निर्भरता, बेटे की जिम्मेदारी पर बड़ा फैसला
'कौन है ये?' मलाइका अरोड़ा की प्रतिक्रिया बनी चर्चा, भोजपुरी स्टार का नाम सुनकर रह गईं हैरान
पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट मुकाबलों के लिए वेस्टइंडीज का स्क्वॉड घोषित, बड़ा नाम गायब
धार्मिक उत्साह के बीच खालसा मार्च शुरू, कल पहुंचेगा तरनतारन साहिब
वांगचुक के आंदोलन पर सियासत तेज, संजय राउत ने केंद्र से मांगा स्पष्टीकरण
सोनम वांगचुक के फैसले पर RSS का बयान, CJP को लेकर उठाए सवाल
दिल्ली वालों के लिए जरूरी खबर! 17 मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री बंद, सफर प्रभावित