लुधियाना: पंजाब के लुधियाना जिले के अंतर्गत आने वाले कस्बा सुधार में विदेश भेजने के नाम पर एक बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है। यहाँ के अकालगढ़ बाजार के एक परिवार को अमेरिका में पक्का निवास (PR) दिलाने का सपना दिखाकर जालसाजों ने 1 करोड़ 40 लाख रुपये की मोटी रकम ठग ली। पुलिस ने गहन जांच के बाद इस मामले में एक बैंक मैनेजर और ट्रेवल एजेंटों समेत कुल 6 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और इमिग्रेशन एक्ट के तहत केस दर्ज किया है।

रिश्तेदारों और बैंक मैनेजर का खतरनाक नेक्सस

इस ठगी को अंजाम देने के लिए एक संगठित गिरोह काम कर रहा था, जिसमें पारिवारिक सदस्य और पेशेवर लोग शामिल थे। आरोपियों की पहचान सिमरन कौर, उसके पति बिक्रम सिंह, पिता कुलबीर सिंह, भाई अमनजोत सिंह और चमकौर साहिब के अगमजीत सिंह के रूप में हुई है। इस साजिश में चंडीगढ़ के सेक्टर-9 स्थित एचडीएफसी (HDFC) बैंक का मैनेजर साहिल भी शामिल था, जिसने बैंकिंग प्रक्रियाओं का झांसा देकर पीड़ित का विश्वास जीता।

फर्जी पासपोर्ट और वीजा का मायाजाल

पीड़ित करमजीत सिंह ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ अमेरिका में बसना चाहते थे। आरोपियों ने प्रति व्यक्ति 35 लाख रुपये में सौदा तय किया। हैरानी की बात यह है कि जिन सदस्यों के पासपोर्ट एक्सपायर हो चुके थे या बने ही नहीं थे, उनके भी फर्जी पासपोर्ट और अमेरिकी वीजा वीडियो कॉल के जरिए दिखाकर परिवार को गुमराह किया गया। जब करमजीत ने खुद जांच की, तो पता चला कि उन्हें दिखाए गए सभी दस्तावेज पूरी तरह नकली थे।

चेक बाउंस और जान से मारने की धमकी

ठगी का अहसास होने पर जब पीड़ित परिवार ने अपनी जमापूंजी वापस मांगी, तो आरोपियों ने पहले फर्जी बैंक स्टेटमेंट दिखाकर उन्हें टालने की कोशिश की। दबाव बनाने पर 49 लाख रुपये के चेक दिए गए जो बैंक में बाउंस हो गए। हद तो तब हो गई जब आरोपियों ने पैसे लौटाने के बजाय पीड़ित परिवार को जान से मारने की धमकियां देनी शुरू कर दीं।

सब कुछ दांव पर लगाकर न्याय की गुहार

अपनी जीवन भर की कमाई और गहने गंवा चुका यह परिवार अब पूरी तरह कर्ज में डूब गया है। पीड़ित करमजीत सिंह ने मुख्यमंत्री भगवंत मान और पंजाब पुलिस के आलाधिकारियों से मदद की गुहार लगाई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी डॉ. अंकुर गुप्ता ने जांच की कमान डीएसपी करन सिंह संधू को सौंपी है और जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का भरोसा दिलाया है।