‘वंदे मातरम’ विवाद में रुबीना इकबाल का यू-टर्न, बयान पर मांगी माफी
इंदौर। वंदे मातरम विवाद के मामले में कांग्रेस की महिला पार्षद रुबीना इकबाल खान एमजी रोड थाने पहुंचीं, जहां पुलिस ने उनके बयान दर्ज किए. मामला तूल पकड़ने और कानूनी कार्रवाई शुरू होने के बाद पार्षद रुबीना इकबाल खान ने अपने बयान से यू-टर्न लेते हुए माफी मांग ली है. उन्होंने अपने कथित अपशब्दों को लेकर खेद जताया है. रुबीना से पहले फौजिया शेख अलीम भी अपने बयान दर्ज कराने एमजी रोड थाने पहुंच चुकी थीं।
बयान पर पार्षद ने दी सफाई
इंदौर के वार्ड 39 से कांग्रेस पार्षद रुबीना इकबाल खान ने वंदे मातरम विवाद के दौरान दिए गए अपने बयान पर अब सफाई दी है. उन्होंने बीजेपी पार्षदों और अपनी ही पार्टी को लेकर दिए गए बयान पर खेद व्यक्त किया है. रुबीना इकबाल खान ने कहा कि उनके बयान से यदि किसी की भावनाएं आहत हुई हैं, तो वह इसके लिए खेद प्रकट करती हैं. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि वह पिछले 15 वर्षों से परिषद में शामिल हो रही हैं और उन्होंने कभी भी राष्ट्रीय गीत या राष्ट्रगान का अपमान नहीं किया. वह पहले भी उसका सम्मान करती थीं और अब भी उसका सम्मान करती हैं. हालांकि, आगे वंदे मातरम गाने के सवाल को उन्होंने टाल दिया, लेकिन उन्होंने यह जरूर कहा कि राष्ट्रीय गीत और राष्ट्रगान का सम्मान करना हर भारतीय का कर्तव्य है।
अन्य पार्षदों से भी हुई पूछताछ
एमजी रोड थाने पर कांग्रेस पार्षद रुबीना इकबाल खान बयान दर्ज कराने पहुंचीं. उनसे पहले कांग्रेस की ही एक अन्य पार्षद फौजिया शेख अलीम से पुलिस करीब चार घंटे तक पूछताछ कर चुकी है. अब इसी कड़ी में रुबीना इकबाल खान से भी मामले को लेकर विस्तृत जानकारी ली जा रही है. बीजेपी पार्षद दल ने दोनों महिला पार्षदों पर वंदे मातरम का अपमान करने का आरोप लगाते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की थी. इसके लिए संभागायुक्त कार्यालय और एमजी रोड थाने में आवेदन भी दिया गया था. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और दोनों पार्षदों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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