भोपाल में प्रस्तावित सेना दिवस आयोजन प्रदेशवासियों को भारतीय सेना की समृद्ध परंपरा, शौर्य और बलिदान से जोड़ने का होगा महत्वपूर्ण अवसर : उप मुख्यमंत्री शुक्ल
भोपाल : उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल से निवास कार्यालय, भोपाल में थल सेना प्रमुख जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने सौजन्य भेंट की। जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने आगामी वर्ष में भोपाल में आयोजित होने वाली सेना दिवस परेड के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। बैठक में सेना एवं राज्य शासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी सहभागिता की। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि यह आयोजन प्रदेश के लिए गौरव का विषय होने के साथ-साथ देशभक्ति, सैन्य सम्मान और जन-भागीदारी की भावना को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगा। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि भोपाल में प्रस्तावित सेना दिवस आयोजन प्रदेशवासियों को भारतीय सेना की समृद्ध परंपरा, शौर्य और बलिदान से जोड़ने का एक महत्वपूर्ण अवसर होगा। इससे प्रदेश के युवाओं में सेना में शामिल होकर राष्ट्र सेवा करने की प्रेरणा भी मिलेगी। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन सेना और नागरिक प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता और गौरव की भावना को भी सुदृढ़ करेंगे।
थल सेना प्रमुख जनरल द्विवेदी ने बताया कि 15 जनवरी 2027 को भोपाल में भव्य सेना दिवस परेड आयोजित की जाएगी, जिसकी भव्यता और स्वरूप नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित होने वाली गणतंत्र दिवस परेड के समान होगा। इस आयोजन के अंतर्गत परेड के साथ सैन्य प्रदर्शनी, सैन्य अभ्यास, शौर्य संध्या और विभिन्न आकर्षक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। साथ ही सेवानिवृत्त सैनिकों का सम्मान भी किया जाएगा।
बैठक में बताया गया कि कार्यक्रमों की शुरुआत 1 नवंबर 2026 को मध्यप्रदेश स्थापना दिवस से ‘मेरी माटी अभियान’ के अंतर्गत की जाएगी। जनवरी 2027 में 7 से 12 जनवरी तक सैन्य प्रदर्शनी, 9, 11 एवं 13 जनवरी को परेड अभ्यास, 11 एवं 13 जनवरी को शौर्य संध्या अभ्यास तथा 11-12 जनवरी को बड़े तालाब में सैन्य गतिविधियां आयोजित होंगी। मुख्य परेड 15 जनवरी को प्रस्तावित मार्गों पर आयोजित की जाएगी, जबकि शौर्य संध्या और अन्य कार्यक्रम शहर के विभिन्न स्थलों पर संपन्न होंगे। बैठक में लेफ्टिनेंट जनरल संदीप जैन, लेफ्टिनेंट जनरल अरविंद चौहान, लेफ्टिनेंट जनरल रंजीत सिंह, मेजर जनरल विकास लाल, बिग्रेडियर नितिन भाटिया, कर्नल सौरभ कुमार, सन्नी जुनेजा, राजेश बंडले तथा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
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