क्या राज्यपाल के विवेकाधिकार के भरोसे रहनी चाहिए चुनी हुई सरकार? सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी
नई दिल्ली। राष्ट्रपति की ओर से दाखिल रेफरेंस पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को राज्यपालों की शक्तियों को लेकर अहम टिप्पणी की। अदालत ने कहा कि किसी भी राज्य की चुनी हुई सरकार को पूरी तरह से राज्यपाल के विवेकाधिकार पर नहीं छोड़ा जा सकता।
मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई की अगुवाई वाली 5 जजों की संवैधानिक बेंच ने कहा कि क्या चुनी हुई सरकार हमेशा राज्यपाल के भरोसे रहेगी? क्या राज्यपाल किसी बिल को अनिश्चितकाल तक रोककर रख सकते हैं? यह न तो विधानसभा के लिए सही है और न ही राज्यपाल के हित में। दरअसल, राष्ट्रपति की ओर से दाखिल रेफरेंस में सवाल उठाया गया था कि क्या सुप्रीम कोर्ट यह आदेश दे सकता है कि राज्यपाल या राष्ट्रपति तय समयसीमा में ही किसी बिल पर फैसला लें।
इससे पहले अप्रैल में तमिलनाडु और केरल के मामलों की सुनवाई करते हुए शीर्ष अदालत ने कहा था कि राज्यपाल और राष्ट्रपति 90 दिनों के भीतर बिल पर निर्णय दें। अगर बिल नामंजूर किया जाता है तो उसका कारण भी इसी अवधि में बताना होगा।
सॉलिसिटर जनरल की दलील
सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि संविधान के अनुच्छेद 200 के तहत राज्यपाल सिर्फ डाकिया नहीं हैं। वे राष्ट्रपति के प्रतिनिधि होते हैं और अपने विवेक से निर्णय लेने का अधिकार रखते हैं। उन्होंने कहा, कि गवर्नर का पद सेवानिवृत्त नेताओं के लिए शरणस्थली नहीं है, बल्कि उनके पास कुछ संवैधानिक अधिकार भी हैं। राज्यपाल बिल को मंजूरी दे सकते हैं, होल्ड पर रख सकते हैं या फिर राष्ट्रपति को भेज सकते हैं।
जिस सरकार ने कहा- इस्तीफे नहीं होते, उसी में 12 साल में कई बड़े नेताओं ने छोड़ा पद
दमिश्क हाईवे पर मौत का सफर: बस दुर्घटना में 35 यात्रियों की दर्दनाक मौत
रालोद में अंदरूनी कलह खुलकर आई सामने, 10 पदाधिकारियों ने दिया सामूहिक इस्तीफा
क्या देवेंद्र फडणवीस बनेंगे देश के अगले शिक्षा मंत्री? संजय राउत के दावे से सियासी हलचल
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर कांग्रेस में जश्न, मुंबई में कार्यकर्ताओं ने बांटी मिठाई
CM शुभेंदु की चेतावनी, 'धोखेबाज भतीजे को कोई नहीं बचा पाएगा', घोटाले पर सियासी वार
एक तरफ धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, दूसरी तरफ मायावती का बड़ा राजनीतिक संदेश
कमाई बढ़ी, लेकिन घाटा भी बढ़ा; FY26 में PhonePe के वित्तीय नतीजे चौंकाने वाले